Bihar
Darbhanga Crime: आपसी विवाद में युवक की पीट-पीटकर हत्या, पटना के दारोगा को मारी गोली
Darbhanga Crime: बिहार के दरभंगा जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां बहादुरपुर थाना क्षेत्र के ओझौल गांव में शुक्रवार की सुबह भारी बवाल हो गया। आपसी विवाद में हुए इस खूनी संघर्ष के दौरान एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। वहीं, घटना में पटना जिला बल में तैनात एक सब इंस्पेक्टर (दारोगा) भी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। इस वारदात के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है।
मुख्य बिंदु: घटना से जुड़ी बड़ी बातें: Darbhanga Crime
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मृतक की पहचान: सुनील सहनी (30 वर्ष), पिता- दिलीप सहनी (निवासी: ओझौल)
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घायल दारोगा: मो. मोबिन, पिता- मो. इलियास (पटना जिला बल में सब इंस्पेक्टर)
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घटनास्थल: ओझौल गांव, बहादुरपुर थाना क्षेत्र, दरभंगा
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बरामदगी: पुलिस ने मौके से दो खोखा और खून से सना फरसा जब्त किया है।
विवाद की वजह: मरकरी लाइट पर गोली चलाने से भड़का मामला: Darbhanga Crime
पुलिस जांच और स्थानीय इनपुट्स के अनुसार, घटना की शुरुआत शुक्रवार सुबह तब हुई जब सुनील सहनी अपने कुछ दोस्तों के साथ ओझौल स्थित अखाड़े के इमामबाड़ा के पास पहुंचा। वहां उसने कथित तौर पर अपनी पिस्टल से एक मरकरी लाइट पर गोली चला दी। उसी समय मो. मोबिन नमाज पढ़कर घर लौट रहे थे। उन्होंने सार्वजनिक स्थान पर इस तरह गोलीबारी करने का विरोध किया। आरोप है कि बहस बढ़ने पर सुनील ने मो. मोबिन के पेट में गोली मार दी, जिससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े।
आक्रोशित भीड़ का हमला, मौके पर ही मौत: Darbhanga Crime
दारोगा मो. मोबिन को गोली लगते देख वहां मौजूद स्थानीय लोग और उनके समर्थक उग्र हो गए। भीड़ ने सुनील सहनी को चारों तरफ से घेर लिया। इसके बाद लाठी-डंडों और धारदार हथियारों (फरसा) से उस पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया गया। गंभीर रूप से घायल होने के कारण सुनील सहनी ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
घायल दारोगा की स्थिति: सब इंस्पेक्टर मो. मोबिन के पेट में गोली लगी है। उन्हें तुरंत लहेरियासराय के एक निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है और स्थिति गंभीर बनी हुई है।
पुलिस और FSL टीम की कार्रवाई: जांच में जुटे आला अधिकारी: Darbhanga Crime
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। डीआईजी मनोज कुमार तिवारी, एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी, सिटी एसपी अशोक कुमार और एसडीपीओ राजीव कुमार ने भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।
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पोस्टमार्टम: पुलिस ने सुनील सहनी के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए दरभंगा मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (DMCH) भेज दिया है।
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वैज्ञानिक साक्ष्य: फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम को मौके पर बुलाया गया है, जो घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटा रही है।
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प्राथमिकी दर्ज: मृतक के पिता दिलीप सहनी का बयान (फर्द बयान) दर्ज कर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई और FIR दर्ज करने की प्रक्रिया में जुट गई है।
मृतक का रहा है आपराधिक इतिहास: Darbhanga Crime
एसएसपी जगुनाथ रेड्डी ने बताया कि मामले की जांच सभी एंगल से की जा रही है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मृतक सुनील सहनी का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ दरभंगा जिले के अलग-अलग थानों में पहले से ही 4 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
गांव में पुलिस कैंप: सुरक्षा के कड़े इंतजाम
इस दोहरे हिंसक घटनाक्रम के बाद ओझौल गांव में सांप्रदायिक या सामाजिक तनाव न फैले, इसके लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। बहादुरपुर थानाध्यक्ष प्रसुंजय कुमार के नेतृत्व में भारी संख्या में पुलिस बल को गांव में तैनात कर दिया गया है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन एहतियातन पुलिस बल लगातार गश्त कर रहा है और आरोपियों की पहचान की जा रही है।
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DIG का निरीक्षण टलने के बाद सदर थाना पहुंचे Saharsa SP: लंबित कांडों की समीक्षा, फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी के निर्देश
सहरसा। कोसी क्षेत्र के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष का सदर थाने में प्रस्तावित निरीक्षण कार्यक्रम अपरिहार्य कारणों से स्थगित होने के बाद पुलिस अधीक्षक (Saharsa SP) विक्रम सिहाग स्वयं सदर थाना पहुंचे।
एसपी ने थाना परिसर में पुलिस पदाधिकारियों के साथ एक घंटे से अधिक समय तक गहन समीक्षा बैठक की और लंबित कांडों के त्वरित निष्पादन, अनुसंधान की गुणवत्ता व विधि-व्यवस्था को लेकर कड़े दिशा-निर्देश जारी किए।
Saharsa SP: लंबित मामलों के निष्पादन और फरार अपराधियों की गिरफ्तारी पर जोर
एसपी ने थाना क्षेत्र के आपराधिक मामलों और अनुसंधानों की वर्तमान प्रगति की विस्तृत समीक्षा की:
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वारंट व कुर्की जब्ती: लंबे समय से लंबित वारंटों के निष्पादन और फरार अभियुक्तों के खिलाफ कुर्की-जब्ती की कार्रवाई को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का आदेश दिया गया।
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समयबद्ध कार्रवाई: आम जनता की शिकायतों का निष्पक्ष व समयबद्ध निस्तारण करने का निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी मामले की जांच में अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं होगा।
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क्वालिटी इन्वेस्टिगेशन: अनुसंधान की गुणवत्ता में सुधार लाने पर विशेष बल दिया गया ताकि कोर्ट में मजबूत पैरवी सुनिश्चित हो सके।
Saharsa SP: थाना परिसर, मालखाना और अभिलेखों का औचक निरीक्षण
बैठक के उपरांत पुलिस अधीक्षक ने सदर थाने के विभिन्न विंग्स का भौतिक निरीक्षण किया:
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दस्तावेजों का रख-रखाव: मालखाना, हाजत, शस्त्रागार और कार्यालयीन अभिलेखों की स्थिति देखकर रिकॉर्ड्स को हमेशा अपडेट और व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए।
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पारदर्शिता व स्वच्छता: थाना परिसर में स्वच्छता बनाए रखने और प्रशासनिक कामकाज में पूर्ण पारदर्शिता बरतने को कहा गया।
Saharsa SP: रात्रि गश्ती और वाहन जांच तेज करने के आदेश
अपराध नियंत्रण और सतर्कता बढ़ाने के उद्देश्य से एसपी ने मैदानी पुलिसिंग को मजबूत करने के निर्देश दिए:
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संवेदनशील इलाकों में नियमित निगरानी और सघन वाहन जांच अभियान चलाने को कहा गया।
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रात्रि गश्ती (Night Patrolling) को प्रभावी बनाने और आम नागरिकों के साथ बेहतर संवाद स्थापित कर जनता का भरोसा जीतने पर जोर दिया गया।
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Supaul में कार से टकराई शराब लदी बाइक: 30 लीटर देसी शराब छोड़कर तस्कर फरार, वाहन जब्त
छातापुर (Supaul )। मुख्यालय स्थित बजरंग चौक के समीप स्टेट हाईवे-91 (SH-91) पर शुक्रवार रात शराब से लदी एक बाइक और कार के बीच जोरदार भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद कार चालक और बाइक सवार दोनों तस्कर मौके पर ही क्षतिग्रस्त बाइक और शराब की खेप छोड़कर फरार हो गए।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल से 30 लीटर देसी चुलाई शराब और बिना नंबर प्लेट की बाइक जब्त कर ली।
Supaul Crime: बजरंग चौक पर SH-91 चढ़ते वक्त हुई टक्कर
जानकारी के अनुसार, दो युवक नरहैया की ओर से बाइक पर देसी शराब की खेप लादकर छातापुर की तरफ आ रहे थे:
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नशे में थे सवार: बताया जा रहा है कि बाइक सवार नशे की हालत में थे और जैसे ही बजरंग चौक के पास SH-91 पर चढ़ने लगे, सामने से आ रही कार से उनकी सीधी टक्कर हो गई।
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सड़क पर बिखरे पाउच: टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सड़क पर गिर गई और उस पर लदे शराब के कई पाउच फटकर सड़क पर बहने लगे।
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मौके से भागे आरोपी: स्थानीय लोगों के जुटने से पहले ही कार चालक और दोनों बाइक सवार अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकले।
Supaul Crime: बिना नंबर प्लेट की स्प्लेंडर बाइक, 30 लीटर शराब बरामद
थानाध्यक्ष प्रमोद झा के नेतृत्व में पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की:
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बरामदगी: पुलिस ने मौके से करीब 30 लीटर देसी चुलाई शराब और काले रंग की स्प्लेंडर बाइक को कब्जे में लिया।
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पहचान में जुटी पुलिस: बाइक पर नंबर प्लेट नहीं होने के कारण चेसिस और इंजन नंबर के आधार पर वाहन मालिक की पहचान की जा रही है।
बाइक मालिक और अज्ञात सवारों पर प्राथमिकी दर्ज
थानाध्यक्ष प्रमोद झा ने बताया कि बाइक और उसके मालिक के खिलाफ मद्यनिषेध अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस खुफिया सूत्रों की मदद से फरार तस्करों और शराब के सप्लायर व रिसीवर के नेटवर्क की कड़ियां तलाशने में जुटी है।
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Madhepura में एनीमिया मुक्त भारत अभियान तेज: DM ने दिए शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के निर्देश, 1 सितंबर से NCD कैंपेन
Madhepura। जिले में एनीमिया (खून की कमी) की रोकथाम और गैर-संचारी रोगों (NCD) के नियंत्रण को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है। जिलाधिकारी अभिषेक रंजन की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में एनीमिया मुक्त भारत अभियान की प्रगति की जांच की गई और अधिकारियों को केवल कागजी आंकड़े जुटाने के बजाय धरातल पर शत-प्रतिशत परिणाम देने का सख्त निर्देश दिया गया।
Madhepura: स्क्रीनिंग से लेकर नियमित फॉलोअप तक पर जोर
डीएम ने स्पष्ट किया कि एनीमिया से निपटने के लिए केवल दवा वितरण पर्याप्त नहीं है, बल्कि पूरी स्वास्थ्य प्रक्रिया को परिणामोन्मुख बनाना होगा:
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समय पर पहचान: ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में व्यापक स्क्रीनिंग कर एनीमिया पीड़ितों की समय पर पहचान की जाएगी।
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दवा व पोषण: आयरन-फोलिक एसिड (IFA) की निर्बाध आपूर्ति, वितरण और उचित पोषण परामर्श सुनिश्चित किया जाएगा।
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मरीजों का फॉलोअप: उपचार के बाद मरीजों के स्वास्थ्य में सुधार की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी ताकि योजना का वास्तविक लाभ मिले।
Madhepura: 1 सितंबर से शुरू होगा NCD कैंपेन
बैठक में आगामी 1 सितंबर 2026 से प्रारंभ होने वाले गैर-संचारी रोग (NCD) अभियान की तैयारियों की भी विस्तृत समीक्षा की गई:
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गंभीर बीमारियों की पहचान: डायबिटीज, हाइपरटेंशन और कैंसर जैसी गैर-संचारी बीमारियों की समय पूर्व स्क्रीनिंग की जाएगी।
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जांच, उपचार व रेफरल: संभावित मरीजों की पहचान कर आवश्यक जांच, निःशुल्क दवाइयां और आवश्यकता पड़ने पर उच्च स्वास्थ्य केंद्रों में रेफरल की व्यवस्था रहेगी।
लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के सभी चिकित्सा पदाधिकारियों और कर्मियों को आपसी समन्वय से समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, चिकित्सा पदाधिकारी और संबंधित कर्मी उपस्थित रहे।
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