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Crime

Darbhanga News: प्रेम विवाह के ढाई महीने बाद खौफनाक अंत: विवाहिता की हत्या कर बोरी में बंद शव नदी किनारे दफनाया, सनसनी

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Darbhanga News: प्रेम विवाह के ढाई महीने बाद खौफनाक अंत: विवाहिता की हत्या कर बोरी में बंद शव नदी किनारे दफनाया, सनसनी

Darbhanga। बिहार के मधुबनी जिले के घोघरडीहा थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। यहां प्रेम विवाह के महज ढाई महीने बाद एक नवविवाहिता की बर्बरता से हत्या कर दी गई और साक्ष्य छुपाने के उद्देश्य से उसके शव को बोरी में बंद कर नदी किनारे जमीन में दफाना दिया गया।

पुलिस ने नदी किनारे खुदाई करवाकर शव को बरामद किया है। मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और गला दबाकर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है।

Darbhanga Crime: दिल्ली के मंदिर में रचाई थी शादी, परिजनों ने नहीं किया था विरोध

मृतका की पहचान घोघरडीहा थाना क्षेत्र के परसा नवटोली की रहने वाली रश्मि कुमारी के रूप में की गई है। परिजनों के मुताबिक, रश्मि का इलाके के ही एक युवक के साथ लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा था। करीब ढाई महीने पहले, 23 अप्रैल को दोनों ने घर छोड़ दिया और दिल्ली के एक मंदिर में प्रेम विवाह कर लिया। दिल्ली में कुछ समय बिताने के बाद दोनों वापस अपने गांव लौट आए थे। रश्मि के परिजनों का कहना है कि उन्होंने इस शादी का कोई विरोध नहीं किया था, लेकिन इसके बावजूद ससुराल वाले खुश नहीं थे।

Darbhanga News: रिश्तेदार के फोन से खुला राज, पूछताछ के बाद पुलिस ने निकाला शव

बीते गुरुवार को रश्मि के मायके वालों को एक रिश्तेदार ने फोन कर सूचना दी कि रश्मि की मौत हो चुकी है और उसके शव को गायब कर दिया गया है। बदहवास परिजन तुरंत घोघरडीहा थाने पहुंचे और पुलिस को आपबीती सुनाई। पुलिस जब हरकत में आते हुए आरोपी पति के घर पहुंची और कड़ाई से पूछताछ की, तो हत्या का राज खुल गया। आरोपियों की निशानदेही पर police टीम भुतही बलान नदी के किनारे पहुंची और जमीन की खुदाई करवाकर बोरी में बंद रश्मि का शव बरामद किया। मायके वालों का आरोप है कि रश्मि को बेरहमी से पीटने के बाद उसकी गला दबाकर हत्या की गई है।

डीएमसीएच में हुआ पोस्टमार्टम, आरोपियों की तलाश में छापेमारी जारी

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए शव को बेहतर चिकित्सकीय जांच के लिए मधुबनी सदर अस्पताल से दरभंगा (DMCH) रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों की टीम ने शव का पोस्टमार्टम किया। रविवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। बताया गया है कि रश्मि का एक छोटा भाई है और वह चार बहनों में सबसे छोटी थी। वह मैट्रिक की पढ़ाई कर रही थी, जबकि उसके पिता दिल्ली में मजदूरी करते हैं।

घोघरडीहा थाना पुलिस के अनुसार, इस ऑनर किलिंग और दहेज हत्या से जुड़े सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जांच की जा रही है। घटना के बाद से फरार चल रहे अन्य नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सटीक कारणों का पता चल सकेगा, जिसके आधार पर कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की जाएगी।

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Bihar

Triveniganj में अवैध विजय अल्ट्रासाउंड सेंटर सील, संचालक फरार

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त्रिवेणीगंज (सुपौल): सुपौल जिले के Triveniganj  अनुमंडल क्षेत्र में अवैध रूप से कुकुरमुत्ते की तरह फल-फूल रहे निजी क्लीनिकों और पैथोलॉजी-अल्ट्रासाउंड जांच केंद्रों के विरुद्ध स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय प्रशासन ने अपना कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है।

इसी क्रम में मंगलवार की शाम अनुमंडलीय अस्पताल चौक स्थित ‘विजय अल्ट्रासाउंड सेंटर’ पर औचक छापेमारी की गई। जांच के दौरान केंद्र संचालन से जुड़ा कोई भी वैध निबंधन (रजिस्ट्रेशन) अथवा अनुमति पत्र प्रस्तुत नहीं किया जा सका। मौके से मुख्य संचालक भी फरार पाया गया, जिसके बाद जांच दल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरे सेंटर को सील कर दिया।

Triveniganj  Crime: औचक निरीक्षण में न मिले कागजात, न मिले विशेषज्ञ डॉक्टर

मंगलवार देर शाम अनुमंडलीय अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. उमेश कुमार के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की एक उच्चस्तरीय टीम ने अस्पताल चौक पर अचानक दबिश दी। इस छापेमारी दल में स्वास्थ्य प्रबंधक एस. अदीब अहमद के साथ स्थानीय पुलिस बल के जवान भी तैनात थे।

जांच टीम के पहुंचते ही अल्ट्रासाउंड केंद्र पर अफरा-तफरी मच गई और मुख्य संचालक मौके से खिसक गया। जांच दल ने जब परिसर में मौजूद संचालक के भाई से पीसीपीएनडीटी (PNDT) एक्ट के तहत अनिवार्य निबंधन, वैध कागजात और योग्यता प्रमाण पत्र मांगे, तो वह कोई भी दस्तावेज दिखाने में असमर्थ रहा। इसके अलावा सेंटर में कोई रेडियोलॉजिस्ट या विशेषज्ञ चिकित्सक भी उपस्थित नहीं था, जिसके अभाव में अल्ट्रासाउंड जांच का संचालन पूरी तरह गैरकानूनी है।

Triveniganj  News: लंबे समय से चल रहा था खेल, बोर्ड लगाकर हो रहा था गुमराह

स्थानीय सूत्रों के अनुसार विजय अल्ट्रासाउंड सेंटर काफी समय से अनुमंडलीय अस्पताल के ठीक सामने धड़ल्ले से संचालित किया जा रहा था। बाहर बड़े-बड़े बोर्ड लगाकर अत्याधुनिक और उच्च स्तरीय जांच सुविधाओं का दावा कर ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले भोले-भाले मरीजों को आकर्षित किया जाता था।

जांच में यह स्पष्ट हुआ कि सेंटर नियमों को ताक पर रखकर अप्रशिक्षित कर्मियों के सहारे चलाया जा रहा था। गंभीर अनियमितताओं और मरीजों के स्वास्थ्य के साथ खुले खिलवाड़ को देखते हुए अधिकारियों ने विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए केंद्र के मुख्य प्रवेश द्वार को सील कर दिया।

उपाधीक्षक का बयान: दर्ज होगी प्राथमिकी, जारी रहेगा अभियान

कार्रवाई के संबंध में अनुमंडलीय अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. उमेश कुमार ने स्पष्ट किया कि निरीक्षण के दौरान विजय अल्ट्रासाउंड सेंटर का कोई वैध रिकॉर्ड नहीं मिला। न तो संचालक उपस्थित था और न ही कोई अधिकृत डॉक्टर। प्रथम दृष्टया अवैध पाए जाने पर सेंटर को सील कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की विस्तृत रिपोर्ट वरीय अधिकारियों और सिविल सर्जन को भेजी जा रही है, जिसके आधार पर संबंधित संचालकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

फर्जी क्लीनिक और नर्सिंग होम संचालकों में फैली बेचैनी

स्वास्थ्य विभाग की इस सख्त कार्रवाई के बाद त्रिवेणीगंज और आसपास के इलाकों में अवैध रूप से चल रहे निजी नर्सिंग होम, जांच केंद्रों और झोलाछाप चिकित्सकों में हड़कंप मच गया है। कई संचालक अपनी दुकानों के शटर गिराकर भूमिगत हो गए हैं। स्थानीय प्रबुद्ध नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए मांग की है कि यह अभियान केवल सील करने तक सीमित न रहे, बल्कि अवैध स्वास्थ्य माफियाओं के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमे दर्ज कर उन्हें सलाखों के पीछे भेजा जाए।

 

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Madhepura

 Madhepura Crime News: मधेपुरा में सनसनीखेज वारदात, लापता किशोरी की हत्या का अंदेशा, शव छिपाने के आरोप में मां-बहन समेत कई हिरासत में

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Madhepura Crime News: बिहार के मधेपुरा जिला अंतर्गत शंकरपुर थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। बेहरारी पंचायत के वार्ड नंबर 4 स्थित गौररहा गांव की एक नाबालिग किशोरी के संदिग्ध हालात में लापता होने के बाद अब उसकी हत्या और साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव गायब किए जाने की आशंका गहरा गई है। पुलिस ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए मृतका की मां और बहन समेत कई लोगों को हिरासत में लिया है।

घास लाने गई थी खेत, घर नहीं लौटने पर पिता ने दी थी अर्जी: Madhepura Crime News

गौररहा गांव के निवासी दिनेश यादव ने शंकरपुर थाने में लिखित सूचना दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग बेटी मवेशियों के लिए घास लाने खेत गई थी, लेकिन देर शाम तक वापस नहीं लौटी। परिजनों की ओर से खोजबीन की गुहार लगाने के बाद पुलिस ने औपचारिक जांच शुरू की।

परिजनों के बयानों में विरोधाभास, मां और बहन से पूछताछ: Madhepura Crime News

पुलिस द्वारा जब परिजनों से प्रारंभिक पूछताछ की गई, तो उनके बयानों में भारी विसंगतियां पाई गईं। थानाध्यक्ष राजीव कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने कड़ाई से तफ्तीश की, जिसके बाद किशोरी की मां, बहन और कुछ अन्य संबंधियों को हिरासत में ले लिया गया। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में कथित तौर पर यह बात सामने आई है कि सात अक्टूबर की रात ही किशोरी की हत्या कर दी गई थी और शव को ठिकाने लगा दिया गया।

धान के खेतों और नदी में तलाश, पिता हुआ फरार: Madhepura Crime News

जांच में मिले सुरागों के आधार पर पुलिस दल ने गौररहा गांव से सटी नदी और आस-पास के धान के खेतों में सघन तलाशी अभियान चलाया। हालांकि, देर शाम तक शव का कोई सुराग नहीं मिल सका। इस बीच, शिकायत दर्ज कराने वाला पिता दिनेश यादव अचानक फरार हो गया है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।

थानाध्यक्ष का बयान

थानाध्यक्ष राजीव कुमार ने बताया कि यह प्रकरण अत्यंत संवेदनशील है। हिरासत में लिए गए लोगों से निरंतर पूछताछ जारी है। जब तक शव बरामद नहीं हो जाता और ठोस साक्ष्य हाथ नहीं लग जाते, तब तक घटना के मुख्य कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की जा सकती। पुलिस सभी तकनीकी व प्रत्यक्ष पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है।

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Bihar

Darbhanga Crime News: बिरौल के चमेली देवी हत्याकांड में पुलिस की कार्रवाई तेज, आधा दर्जन संदिग्ध हिरासत में; कई ठिकानों पर छापेमारी

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Darbhanga Crime News: दरभंगा जिले के बिरौल थाना क्षेत्र अंतर्गत सहसराम गांव में हुई चमेली देवी की नृशंस हत्या के मामले में पुलिस प्रशासन ने तफ्तीश तेज कर दी है। गला रेतकर की गई इस वारदात के बाद इलाके में भारी आक्रोश और तनाव का माहौल है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए ग्रामीण एसपी साक्षी कुमारी ने खुद कमान संभाल ली है और पुलिस अधिकारियों को जल्द से जल्द अपराधियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए हैं।

ग्रामीण एसपी ने बिरौल थाने पहुंचकर की समीक्षा, एसआईटी गठित: Darbhanga Crime News

वारदात की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण पुलिस अधीक्षक साक्षी कुमारी ने बिरौल थाने का दौरा किया और जांच दल के साथ समीक्षा बैठक की।

  • विशेष जांच दल (SIT): हत्याकांड के खुलासे के लिए एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया है।

  • रणनीति और निर्देश: ग्रामीण एसपी ने अधिकारियों को वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाने तथा सभी संभावित पहलुओं की गहन पड़ताल करने का निर्देश दिया।

लूट के दौरान पहचान उजागर होने पर हत्या की आशंका: Darbhanga Crime News

पुलिस की शुरुआती पड़ताल में यह बात सामने आ रही है कि वारदात के पीछे लूट या चोरी की मंशा हो सकती है:

  • आशंका जताई जा रही है कि अपराधी चोरी की नीयत से घर में दाखिल हुए थे।

  • आहट होने पर चमेली देवी की नींद खुल गई और उन्होंने किसी अपराधी को पहचान लिया।

  • पहचान उजागर होने के डर से अपराधियों ने धारदार हथियार से गला रेतकर उनकी हत्या कर दी। हालांकि, पुलिस का कहना है कि यह केवल प्रारंभिक बिंदु है और अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

वैज्ञानिक व फोरेंसिक जांच, आधा दर्जन से अधिक संदिग्धों से पूछताछ: Darbhanga Crime News

एसआईटी मामले की तह तक पहुंचने के लिए हर संभव तकनीकी साधन का सहारा ले रही है:

  • तकनीकी साक्ष्य: घटना स्थल के आसपास के मोबाइल टावर डंप डेटा और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच की जा रही है।

  • फोरेंसिक टीम: घटनास्थल से उठाए गए फिंगरप्रिंट और फोरेंसिक नमूनों का विश्लेषण किया जा रहा है।

  • हिरासत और छापेमारी: शनिवार रात से लेकर रविवार दोपहर तक आधा दर्जन से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की गई है। उनसे मिले इनपुट के आधार पर संदिग्ध ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है।

पुलिस का दावा: अहम सुराग हाथ लगे, जल्द होगा खुलासा

बिरौल थानाध्यक्ष चंद्रमणि ने बताया कि जांच दल को कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है। पुलिस टीम संदिग्धों के आपराधिक इतिहास और घटना में उनकी संलिप्तता की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि मामले का पर्दाफाश कर मुख्य अभियुक्तों को जल्द सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

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