Bihar
Saharsa में दर्दनाक हादसा: बहवा तिनमुहानी नदी में डूबे 20 वर्षीय लक्ष्मण का शव SDRF ने निकाला, परिजनों में मचा कोहराम
बिहार के Saharsa जिले अंतर्गत सलखुआ थाना क्षेत्र में एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां बहवा तिनमुहानी नदी में डूबने से 20 वर्षीय युवक की असामयिक मौत हो गई। शुक्रवार को शौच के दौरान गहरे पानी में समाए युवक का शव राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीम ने 24 घंटे से अधिक चले सघन सर्च ऑपरेशन के बाद शनिवार दोपहर बाहर निकाला। इस दुखद हादसे के बाद मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं पूरे हरिणसारी गांव में गहरा शोक व्याप्त है।
Saharsa News: संतुलन बिगड़ने से गहरे पानी में समाया युवक
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हरिणसारी गांव के निवासी विश्वनाथ सिंह का 20 वर्षीय पुत्र लक्ष्मण कुमार शुक्रवार दोपहर गांव से सटी बहवा तिनमुहानी नदी के किनारे गया था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नदी तट की गीली मिट्टी पर पैर फिसलने से उसका संतुलन बिगड़ गया और वह तेज बहाव तथा गहरे पानी की चपेट में आ गया। पुल से गुजर रहे राहगीरों ने जब युवक को छटपटाते देखा तो फौरन शोर मचाया, लेकिन पानी का बहाव तेज होने के कारण कोई भी उसे समय रहते बाहर नहीं निकाल सका। घटना की खबर गांव पहुंचते ही सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण नदी किनारे उमड़ पड़े।
Saharsa News: स्थानीय गोताखोरों की कोशिशें रहीं नाकाम, SDRF ने संभाला मोर्चा
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय तैराकों और गोताखोरों ने नदी में छलांग लगाकर युवक की तलाश शुरू की। शुक्रवार देर शाम तक चले प्रयासों के बावजूद युवक का कोई अता-पता नहीं चल सका। इसके उपरांत स्थानीय प्रशासन को सूचित किया गया। अंचलाधिकारी रवि कुमार और सलखुआ थानाध्यक्ष जितेंद्र ठाकुर के समन्वय से एसडीआरएफ की विशेष बचाव टीम को मौके पर बुलाया गया। शनिवार सुबह से एसडीआरएफ की टीम ने आधुनिक उपकरणों और बोट के सहारे नदी के विभिन्न हिस्सों में तलाशी अभियान शुरू किया। घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने शव को बरामद कर लिया। शव बाहर आते ही परिजनों के चीत्कार से पूरा इलाका दहल उठा।
Saharsa News: प्रशासनिक कार्रवाई और पोस्टमार्टम
शव बरामदगी के बाद सलखुआ थाना पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए पंचनामा तैयार किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया। मौके पर मौजूद अंचलाधिकारी रवि कुमार ने शोकाकुल परिवार को सांत्वना दी और हरसंभव सरकारी मदद का भरोसा दिलाया।
पीड़ित परिवार को 50 लाख मुआवजे की मांग, सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
घटनास्थल पर पहुंचे मुखिया प्रतिनिधि राजेश कुमार उर्फ भिन्सी यादव और पंचायत समिति सदस्य पीयूष गोयल ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने मुख्यमंत्री और आपदा प्रबंधन विभाग से पीड़ित परिवार को अविलंब 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि देने की मांग की। जनप्रतिनिधियों ने कहा कि लक्ष्मण अपने परिवार का एक होनहार सहारा था, जिसकी असमय मृत्यु ने पूरे परिवार को बेसहारा कर दिया है।
कोसी तटवर्ती सलखुआ में प्रशिक्षित गोताखोरों की स्थायी तैनाती की आवश्यकता
जनप्रतिनिधियों और स्थानीय प्रबुद्ध नागरिकों ने प्रशासन का ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर आकृष्ट कराया कि सलखुआ अंचल कोसी नदी के प्रभाव क्षेत्र में आता है। यहां नदियों, जलधाराओं और बाढ़ के कारण आए दिन डूबने की घटनाएं होती रहती हैं। इसके बावजूद स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित गोताखोरों या एसडीआरएफ यूनिट की कोई स्थायी व्यवस्था नहीं है। जिला मुख्यालय से टीम मंगाने में घंटों का समय लग जाता है, जिससे गोल्डन आवर (बचाव का शुरुआती महत्वपूर्ण समय) बीत जाता है। ग्रामीणों ने मांग की कि सलखुआ में प्रशिक्षित गोताखोरों और आधुनिक लाइफ जैकेट, नाव जैसी आपातकालीन सुविधाओं की स्थायी प्रतिनियुक्ति की जाए ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदियों को रोका जा सके।
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