Bihar
Darbhanga Crime: सोते समय महिला के गले से चेन झपट रहे तीन शातिर चोर रंगेहाथ गिरफ्तार
जाले (दरभंगा)। बिहार के Darbhanga जिले के जाले थाना क्षेत्र अंतर्गत दोघरा पंचायत में गुरुवार तड़के ग्रामीणों की सजगता से चोरी की एक बड़ी वारदात नाकाम हो गई.
एक घर में जबरन घुसकर सो रही महिला के गले से चांदी की चेन (सिकड़ी) चुरा रहे तीन शातिर बदमाशों को ग्रामीणों ने मौके पर ही दबोच लिया. शोर मचने पर एकत्र हुए लोगों ने तीनों को पकड़कर स्थानीय पुलिस के सुपुर्द कर दिया. पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी की एक मोटरसाइकिल, चांदी के जेवर और मोबाइल फोन बरामद किए हैं.
Darbhanga : तड़के घर में घुसे बदमाश, जागने पर महिला ने मचाया शोर
जाले थाने में दर्ज कराई गई शिकायत में पीड़ित जयप्रकाश यादव ने बताया कि गुरुवार सुबह करीब चार बजे उनकी पत्नी बिंदु देवी घर के भीतर सो रही थीं. इसी बीच चोरों ने उनके कमरे में प्रवेश किया और उनके गले से चांदी की सिकड़ी खींचने लगे. गले पर अचानक तेज खिंचाव महसूस होने से बिंदु देवी की नींद खुल गई और उन्होंने बिना वक्त गंवाए शोर मचाना शुरू कर दिया. आवाज सुनते ही आस-पड़ोस के ग्रामीण लाठी-डंडों के साथ मौके पर पहुंचे और भागने की कोशिश कर रहे तीनों आरोपियों को मुख्य द्वार पर ही दबोच लिया.
Darbhanga : संदूक तोड़कर की नकदी-जेवर की चोरी, परिवार को दी बम से उड़ाने की धमकी
पीड़ित पक्ष के अनुसार, पकड़े जाने से पहले इन शातिरों ने घर में रखा एक बक्सा (संदूक) भी तोड़ दिया था. बक्से से उन्होंने चांदी के नए व पुराने लॉकेट समेत वीवो और रेडमी कंपनियों के तीन कीमती मोबाइल फोन उड़ा लिए थे. ग्रामीणों की गिरफ्त में आने के बाद भी आरोपियों के हौसले पस्त नहीं हुए; उन्होंने पीड़ित परिवार को जेल से छूटने के बाद गोली मारने, घर को बम से उड़ाने और पूरे परिवार को खत्म करने की खुलेआम धमकी दी.
Darbhanga : अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश: आरोपियों का आपराधिक इतिहास
पुलिस की गिरफ्त में आए तीनों आरोपियों की पहचान अलग-अलग जिलों के शातिरों के रूप में हुई है:
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रंजीत कुमार झा उर्फ बिचकिया: निवासी – नानपुर, सीतामढ़ी.
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उपेंद्र उर्फ गोलू सिंह: निवासी – रोहतास जिला.
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सुमित सिंह: निवासी – रोहतास जिला.
जाले के थानाध्यक्ष संदीप कुमार पाल ने बताया कि पकड़े गए मुख्य आरोपी रंजीत झा का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और वह कई मामलों में संलिप्त रहा है. पुलिस अन्य दोनों आरोपियों के भी आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है.
आईएमईआई (IMEI) नंबर से खुलेगा राज, पुलिस बढ़ाएगी गश्त
थानाध्यक्ष ने बताया कि आरोपियों के पास से जो मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन बरामद हुए हैं, उनके आईएमईआई (IMEI) नंबर और चेसिस नंबर के जरिए उनके असली मालिकों का पता लगाया जा रहा है. पुलिस को अंदेशा है कि यह पूरा मामला एक सक्रिय अंतरजिला चोर गिरोह से जुड़ा है, जो बंद घरों और सोते हुए लोगों को निशाना बनाता है.
पुलिस प्रशासन ने कानून को हाथ में न लेते हुए अपराधियों को पकड़कर सौंपने के लिए दोघरा पंचायत के ग्रामीणों के साहस की सराहना की. थानाध्यक्ष ने जनता से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूरत में तुरंत डायल-112 या नजदीकी थाने को सूचित करें, साथ ही उन्होंने क्षेत्र में पुलिस की रात्रि गश्त (Night Patrolling) को और तेज करने का भरोसा दिलाया.